कर्ज माफी की आज की ताजा खबर. Hindi News (हिंदी समाचार), Latest News in Hindi, Samachar, आज की ताजा खबर

Kisan Karj Mafi List

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

अगर कांग्रेस को यह लगता है कि वह मध्य प्रदेश में किसान कर्ज माफी के वादे पर जीती है तो फिर यह करिश्मा राजस्थान में क्यों नहीं हुआ, जहां इस फरवरी में 8,500 करोड़ रु. हालांकि परिजनों व पुलिस ने इस सुसाइड नोट की पुष्टि नहीं की है. कर्ज माफ करने का ऐलान किया गया था. उन्होंने कहा, 'हम सरकार के सामने किसानों से जुड़े मुद्दे उठाने का प्रयास कर रहे हैं. मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे द्वारा कृषि ऋण माफी की घोषणा के बाद विपक्ष ने महाराष्ट्र विधानसभा से वॉक आउट किया.

Next

कर्ज माफी: महाराष्ट्र में BJP का प्रदर्शन, फडणवीस बोले

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

जो अन्य राज्यों की तुलना में काफी ऊंचा है. उन्होंने कहा कि सीएमपी के तहत राज्य में किसानों की पूर्ण कर्ज माफी के साथ ही पूरे राज्य में एक रुपये के क्लीनिक खोले जाएंगे जो शुरुआती स्वास्थ्य देखभाल के केंद्र बनेंगे. यह योजना अगले साल मार्च 2020 से लागू हो जाएगा. उन्होंने कहा कि ''जीवन में ऐसे मोड़ आते हैं जो जीवन को बदलकर रख देते हैं. इसका जवाब देते हुए चौहान ने गुरुवार को कांग्रेस व मुख्यमंत्री कमलनाथ Kamal Nath से सवाल करते हुए कहा, 'मेरे परिवार पर इतनी मेहरबानी क्यों हो रही? किसानों की कर्ज माफी अर्थव्यवस्था पर किस कदर भारी पड़ती जा रही है, इसका पता इस तथ्य से चलता है कि पिछले एक दशक में किसानों के करीब पौने पांच लाख करोड़ के कर्ज माफ कर दिए गए। इसमें दो लाख करोड़ रुपए तो पिछले दो साल में माफ किए गए। क्या यह गंभीर चिंता का विषय नहीं होना चाहिए कि एक तरफ तो हम किसानों के कर्ज माफ करते जा रहे हैं, लेकिन किसान की हालत में कोई सुधार नहीं हो रहा है। ऐसे तो कर्ज देने और माफ करने का चक्र कभी टूटने वाला नहीं। किसानों की कर्ज माफी को लेकर एसबीआइ रिसर्च की ताजा चौंकाने वाली है। इसमें साफ कहा गया है कि पिछले एक दशक में जितनी रकम किसानों को कर्ज के रूप में बांट दी गई है, वह देश के उद्योग जगत के फंसे हुए कर्ज यानी एनपीए का बयासी फीसद है। जाहिर है, अगर कुछ समय और किसानों को कर्ज माफी का यह झुनझुना थमाया जाता रहा है तो देश के समक्ष एनपीए का एक और पहाड़ खड़ा हो जाएगा। किसानों की कर्ज माफी को लेकर पहले भी सवाल उठते रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना रहा है कि किसानों की दशा सुधारने के लिए कर्ज माफी कोई स्थायी समाधान नहीं है। इससे न तो किसानों की समस्याएं ही दूर हो पाती हैं, बल्कि सरकारी खजाने पर बोझ और बढ़ता चला जाता है। भारत में यह हमेशा की समस्या रही है कि कर्ज माफी को हमारे राजनीतिक दल और सरकारें किसानों के वोट हासिल करने के हथियार के रूप में इस्तेमाल करते आए हैं। लेकिन किसान की बुनियादी समस्याओं के समाधान की दिशा में कोई कारगर प्रयास शायद ही हुआ हो। इसलिए भारत का किसान खासतौर से छोटे सीमांत किसान आज भी उसी हालत में हैं जो दशकों से चली आ रही है। पिछले दो साल में आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, पंजाब, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में किसानों के कर्ज माफ होते रहे। अगर देश के कृषि क्षेत्र के लिए उचित नीतियां बनतीं और लागू होतीं तो आज भारत के करोड़ों किसान दयनीय हालत में नहीं होते और आत्महत्या करने को मजबूर नहीं होते। कृषि कर्जमाफी के आंकड़े बता रहे हैं कि पिछले वित्त वर्ष यानी 2018-19 में कृषि कर्ज का एनपीए एक लाख करोड़ रुपए से निकल गया था, जो इस वक्त देश के सभी वित्तीय संस्थानों के कुल एनपीए 8. सरकारी दस्तावेज इसकी पुष्टि कर रहे हैं.

Next

मध्य प्रदेश के किसानों का होगा कर्ज माफ

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

बकौल रिजर्व बैंक, मध्य प्रदेश में कुल बैंक कर्ज में खेती के लिए मिलने वाले कर्ज का हिस्सा 29 फीसदी और राजस्थान में 35 फीसदी है. उन्होंने मांग की कि सरकार, किसानों के कर्ज पूरी तरह से माफ करे और उन्हें फसल क्षति के लिए 25,000 रुपये प्रति हेक्टेयर की वित्तीय सहायता भी प्रदान करे. आजाद मैदान में भाजपा के विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस Devendra Fadnavis ने कहा कि किसानों को न्याय मिलने तक प्रदर्शन जारी रहेगा. चुनाव के बाद यह सब वादे खोखले साबित होंगे क्योंकि अगर राजनैतिक दलों ने अपना वादा पूरा किया होता तो आज किसान आत्महत्या नहीं करता. मध्य प्रदेश में खेती में फंसे हुए कर्ज 11 फीसदी हैं.

Next

[सूची] राजस्थान कर्ज माफी किसान योजना 2020

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

कर्नाटक के कुल बैंक कर्ज में खेती के कर्ज 15 फीसदी है. उन्होंने कहा कि मीडिया अमीर लोगों की कर्ज माफी पर चुप है. देश में पिछले साल दिसंबर से अब तक सात राज्यों पंजाब और महाराष्ट्र-जून 2017, उत्तर प्रदेश-अप्रैल 2017, राजस्थान-फरवरी 2018, कर्नाटक-जुलाई 2018, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश-दिसंबर 2018 में 1,72,146 करोड़ रु. हम उनका दर्द समझते हैं लेकिन हम अपने काम पर पूरा ध्यान दे रहे हैं. अब चुनाव से पहले बहुत कुछ वादे किए जाएंगे. इसकी वजह है कि लोगों ने हम पर विश्वास जताया है.

Next

राजस्थान कर्ज माफी जिलेवार सूची 2019

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

अगर भारत के राज्य कोई कंपनी होते जो कमलनाथ, वसुंधरा राजे या योगी आदित्यनाथ के अपने पैसे से बनी होती तो क्या असर और फायदे जाने बगैर वे कर्ज माफी के दांव लगाते रहते? अंतत: हम उस तरफ बढ़ रहे हैं जहां या तो किसानों को कर्ज मिलना मुश्किल हो जाएगा या फिर कर्ज माफी के बाद हर तरह का टैक्स बढ़ेगा या विकास सिकुड़ जाएगा. इस निर्णय से किसानों को दीर्घकालीन ऋण माफी योजना का लाभ मिल सकेगा. इससे मध्यप्रदेस राज्य के 33 लाख किसानों को होगा फायदा. उन्होंने कहा कि देश के अन्य राज्यों के किसानों का कर्ज माफ़ हुआ तो बिहार के किसानों के साथ सौतेला व्यवहार क्यों किया जा रहा है? मोदी ने कहा कांग्रेस का कर्ज माफी का वादा झूठा था. ऋण माफी: महाराष्ट्र ने 15,000 लाभार्थियों की पहली सूची जारी की महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को राज्य के कृषि ऋण माफी योजना के 15,358 लाभार्थियों की पहली सूची जारी की. बनते ही मुख्यमंत्री के ऑफिस पहुंचे और सबसे पहली जो फाइल थी वो किसानों की कर्ज माफ़ी की फाइल थी जिस पर उन्होंने अपने हस्ताक्षर किये.

Next

कर्ज माफी: महाराष्ट्र में BJP का प्रदर्शन, फडणवीस बोले

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

सन 2009 में अरुण यादव ने पटखनी दी तो 2014 में चौहान ने बदला चुका लिया. कर्ज माफी जरूरतमंद किसानों तक नहीं पहुंचती, इसे जानने के लिए वैज्ञानिक होने की जरूरत नहीं है लेकिन इससे वित्तीय तंत्र में बन रहे दुष्चक्र बताते हैं कि सियासत किस हद तक गैर-जिम्मेदार हो चली है. कांग्रेस पार्टी वह नहीं रही जो पहले थी. लेकिन राज्य के लोग जद एस के कर्ज माफी वादे पर भी पूरी तरह बिछ नहीं गए. कर्ज माफी करने वाले सभी राज्यों की रेटिंग गिरी है यानी उन्हें महंगे कर्ज लेने होंगे. दोनों ही अपने दलों के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष हैं.

Next

Hindi News (हिंदी समाचार), Latest News in Hindi, Samachar, आज की ताजा खबर

कर्ज माफी की आज की ताजा खबर

फडणवीस ने कहा कि भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल शाम में राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी के समक्ष मुद्दे को उठाएगा. राजस्थान कर्ज माफी योजना कृषक ऋण माफी योजना Rajasthan karz maaf suchi in Hindi राजस्थान किसान लोन माफ ताज़ा खबर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राजस्थान कृषक ऋण माफी योजना-2020 के लिए 25th September 2020 को 100 करोड़ रुपए का अतिरिक्त बजट आवंटित करने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है. यह पूरा ड्रामा करदाताओं या जमाकर्ताओं के पैसे पर होता है और हमें पैसे उड़ाकर फिर बार-बार छला जाता है. आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और तमिलनाडु में पिछले तीन साल में कर्ज माफी के बाद खेती को कर्ज की आपूर्ति बुरी तरह गिरी है. भाजपा नेता ने कहा कि शाम में राज्यपाल को पत्र सौंपा जाएगा.

Next